लू से बचने के लिए स्कार्फ, टोपी एवं छतरी का उपयोग करें
विद्यार्थियों को दी गई जागरूकता जानकारी

छत्तीसगढ़ प्रयागराज न्यूज़–मार्च माह में लगातार बढ़ रही गर्मी को देखते हुए शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बिजली में विद्यार्थियों को लू से बचाव के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से विशेष जानकारी दी गई। इस दौरान विद्यार्थियों को गर्मी के मौसम में स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहने और लू से बचने के उपाय बताए गए।
इस अवसर पर व्याख्याता पूरन लाल साहू ने बताया कि तेज धूप और गर्म हवाएं न केवल त्वचा को नुकसान पहुंचाती हैं, बल्कि सेहत के लिए भी हानिकारक होती हैं। जब कोई व्यक्ति लंबे समय तक तेज धूप और गर्म हवा के संपर्क में रहता है तो उसे लू लग सकती है, जिसे हीट स्ट्रोक भी कहा जाता है।
उन्होंने बताया कि लू लगने पर शरीर में कई प्रकार के लक्षण दिखाई देते हैं, जैसे बुखार आना, त्वचा का लाल और रूखा होना, नाड़ी का तेज चलना, चक्कर आना, सिरदर्द, घबराहट, अधिक पसीना आना तथा बेहोशी आदि। इसलिए गर्मी के मौसम में विशेष सावधानी बरतना आवश्यक है।
उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि लू से बचाव के लिए अधिक से अधिक पानी पिएं और खाली पेट न रहें। ठंडे पानी से स्नान करें तथा घर से बाहर निकलते समय सिर को ढककर रखें। साथ ही चश्मा, गमछा, स्कार्फ और छतरी का उपयोग करें। धूप में नंगे पैर न चलें। ओआरएस घोल, नारियल पानी, छाछ, नींबू पानी और फलों का रस का सेवन करना भी लाभदायक होता है।
कार्यक्रम के दौरान व्याख्याता दिनेश कुमार साहू, विनय कुमार साहू, नरेंद्र कुमार वर्मा, योगेश कुमार सोनकर, गीतांजली नेताम, संतोषी गिलहरे, शिक्षक नकुल राम साहू, रुद्र प्रताप साहू, क्लर्क दुष्यंत साहू, तोमन साहू सहित विद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
इस अवसर पर विद्यार्थियों को बताया गया कि गर्मी के मौसम में धूप, गर्मी और गर्म हवाओं से शरीर की सुरक्षा करते हुए ही लू से बचा जा सकता है, इसलिए सभी को अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहना चाहिए।




